क्या बटला हाउस एनकाउंटर पर सवाल उठाना शहीदों का अपमान नहीं था-पीएम मोदी

नई दिल्ली। लोकसभा चुनाव की गहमागहमी के बीच चुनावी बयानों को लेकर जमकर राजनीति हो रही है. भोपाल से बीजेपी की उम्मीदवार साध्वी प्रज्ञा सिंह ठाकुर के शहीद हेमंत करकरे को लेकर दिए गए विवादास्पद बयान पर अभी हलचल चल ही रही है कि इसी बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बटला हाउस एनकाउंटर का मुद्दा चर्चा में ले आए हैं.

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज बिहार के अररिया में थे और वहां उन्होंने 2008 के बाटला हाउस एनकाउंटर का जिक्र किया. रैली में पीएम मोदी ने पूछा कि क्या बटला हाउस एनकाउंटर पर सवाल उठाना शहीद का अपमान नहीं था? बटला हाउस एनकाउंटर में आतंकियों से लड़ते हुए दिल्ली पुलिस के इंस्पेक्टर मोहन चंद्र शर्मा शहीद हुए थे. 10-11 साल से बटला हाउस एनकाउंटर का वही विवाद रह रहकर उठता रहता है.

पीएम मोदी ने चुनावी रैली में कहा कि 26/11 को मुंबई में आतंकियों ने हमला किया तो कांग्रेस सरकार ने सेना को कुछ भी जवाब देने से मना कर दिया. कांग्रेस ने पाकिस्तान से आये आतंकियों को जवाब देने के बजाए हिंदुओं के साथ आतंकी शब्द चिपकाने के लिए साजिश की. योजना बनाकर जांच की पूरी दिशा बदल दी. इसी तरह की वोट बैंक की राजनीति उस समय की गई थी जब दिल्ली के बटला हाउस में हमारे वीरों ने बम धमाकों में शामिल आतंकियों को मारा था. लेकिन आतंकियों पर कार्रवाई से खुश होने के बजाय, कांग्रेस के बड़े नेताओं की आंखों में आसूं आ गए थे.

पीएम मोदी ने कहा कि हमारी सरकार में आतंकवाद के खिलाफ पहले सर्जिकल स्ट्राइक हुई और फिर एयर स्ट्राइक हुई. परिणाम ये हुआ कि जो पाकिस्तान पहले चोरी और सीनाजोरी करता था, वो आज दुनिया में जाकर गुहार लगा रहा है, भारत ने आतंकियों को घर में घुसकर मारा. मैं हमारे जवानों के पराक्रम पर सवाल उठाने वालों को चुनौती देता हूं कि हिम्मत है तो चुनाव में जनता के बीच जाओ और पुलवामा के शहीदों का हमने जो बदला लिया है उसपर चर्चा करके देखो, सेना के पराक्रम पर सवाल पूछकर देखो, मेरी चुनौती है नहीं पूछ पाएंगे.

ओडिशा, बिहार, पश्चिम बंगाल, नॉर्थ ईस्ट और सारे क्षेत्रों का विकास मेरा सपना है. हमें मिलकर, एकजुट होकर विकास के संकल्प को सिद्धि तक पहुंचाना है. आपके इस चौकीदार की सरकार में दुनिया की सबसे बड़ी हेल्थ केयर स्कीम ‘आयुष्मान भारत’ देश में चल रही है. हर वर्ष गरीबों को 5 लाख रुपये तक का मुफ्त इलाज मिलना संभव हुआ है. हमें मिलकर चौकीदारी करनी है.

झूठ की राजनीति करने वाले बिहार में अफवाह फैला रहे हैं. वो कह रहे हैं सामान्य वर्ग के गरीबों के लिए जो 10 प्रतिशत आरक्षण दिया गया है. वो आरक्षण बाद में खत्म कर दिया जा रहा है. ऐसे झूठ पीढ़ी दर पीढ़ी चल रहे हैं, बाप भी चलाता था, बेटा भी चला रहा है. मैं कहना चाहता हूं कि जो आरक्षण बाबा साहब करके गए हैं उसे कोई हाथ नहीं लगा सकता.

प्रधानमंत्री ने कहा कि किसी भी जाति और पंथ से पहले हम भारतीय हैं, हमारी पहचान भारतीय है. मां भारती की सेवा और साधना की इस भावना के साथ ही, बीते 5 वर्षों में मैंने आपकी सेवा करने का प्रयास किया है.

साध्वी प्रज्ञा ने क्या कहा था
दरअसल साध्वी प्रज्ञा ने मुंबई हमलों में शहीद हुए एटीएस प्रमुख हेमंत करकरे को लेकर विवादास्पद बयान देते हुए कहा था कि मैंने उसे कहा था कि तेरा सर्वनाश होगा और इसके बाद सवा महीने के भीतर उसे आतंकवादियों ने मार डाला.

साध्वी प्रज्ञा पर चुनाव आयोग सख्त
हालांकि इसके बाद एमपी चुनाव आयोग ने स्वतः संज्ञान लेते हुए साध्वी प्रज्ञा सिंह ठाकुर के खिलाफ कार्रवाई की है. जिला चुनाव अधिकारी और कलेक्टर ने नोटिस जारी करके साध्वी प्रज्ञा सिंह ठाकुर को आचार संहिता के तहत एक दिन के भीतर हेमंत करकरे पर उनकी टिप्पणी के लिए स्पष्टीकरण देने को कहा है.