बजट 2019: आसान भाषा में समझिए बजट से जुड़े इन 12 शब्दों का मतलब

नई दिल्ली। वित्त मंत्री निर्मता सीतारमण 5 जुलाई को ‘मोदी सरकार 2.0’ के कार्यकाल का पहला बजट पेश करेंगी. अब जबकि मोदी सरकार लगातार दूसरी बार पूर्ण बहुमत के साथ सत्ता में है, तो इस बार के बजट को लेकर बाजार को उम्मीद है कि सरकार आर्थिक मोर्चे पर ठोस कदम उठा सकती है. बजट हर आम आदमी की जिंदगी से काफी करीबी से जुड़ा हुआ होता है, इसलिए हम आपके लिए आसान भाषा में बजट से जुड़ी हुई शब्दों के अर्थ लेकर आए हैं, जिसकी मदद से आप आसानी से बजट को जान और समझ सकते हैं.

(1) बजट घाटा- जब सरकार का खर्च उसके राजस्व से ज्यादा हो जाता है, तब बजट घाटा की स्थिति पैदा हो जाती है.

(2) प्रत्यक्ष कर- प्रत्यक्ष कर को डायरेक्ट टैक्स भी कहा जाता है, जब सरकार किसी व्यक्ति या फिर संस्थान पर इनकम टैक्स, कॉरपोरेट टैक्स, कैपिटल गेन टैक्स और इनहेरिटेंस टैक्स लगाती है, तो इसे प्रत्यक्ष कर कहा जाता है.

(3) अप्रत्यक्ष कर- अप्रत्यक्ष कर को इनडायरेक्ट टैक्स भी कहा जाता है, जब सरकार किसी व्यक्ति या फिर संस्थान पर कर-निर्यात माल और आयात-निर्यात के सामान पर सीमा शुल्क, सेवा शुल्‍क और उत्पाद शुल्क लगाती है तो इसे अप्रत्यक्ष कर कहा जाता है.

(4) आयकर (इनकम टैक्स)- सरकार अपने क्षेत्राधिकार में मौजूद व्यक्तियों और संस्थाओं की आय (इनकम) पर जो टैक्स लगाती है उसे आयकर या इनकम टैक्स कहा जाता है.

(5) कॉरपोरेट टैक्स- GST लागू होने के बाद से ये टैक्स खत्म हो चुका है. उससे पहले ये टैक्स संस्थानों पर लगाया जाता था. इसे सरकार की आमदनी का एक बड़ा स्त्रोत माना जाता था.

(6) सीमा शुल्क- जब देश में वस्तुओं का आयात या निर्यात किया जाता है, तो इस पर लगने वाले टैक्स को सीमा शुल्क या फिर कस्टम टैक्स कहा जाता है.

(7) उत्पाद शुल्क- एक देश की भौगोलिक सीमा के अंदर बनने वाले सभी उत्पादों पर लगने वाले टैक्स को उत्पाद शुल्क या एक्साइज़ ड्यूटी कहा जाता है.

(8) सेनवैट- सेनवैट को पहली बार साल 2000-2001 में पेश किया गया था, यह टैक्स मैन्यूफैक्चरर पर लगाया जाता है. ये एक प्रकार का वैल्यू एडेड टैक्स है.

(9) बैलेंस बजट- जब सरकार की वर्तमान आय उसके खर्च के बराबर होती हैं, तो इसे बैलेंस बजट कहा जाता है.

(10) बांड (Bond)- यह एक तरह का सर्टिफिकेट है, जो कर्ज के लिए होता है. बांड को सरकार और कॉरपोरेशन के द्वारा जारी किया जाता है. इसकी मदद से पैसा जुटाया जाता है.

(11) विनिवेश- सरकार जब किसी सार्वजनिक निकाय में अपनी हिस्सेदारी को बेचकर पैसा जुटाती है, तो इसे विनिवेश कहा जाता है.

(12) जीडीपी- एक वित्तीय वर्ष में किसी देश की भौगोलिक सीमा के भीतर उत्पादित कुछ वस्तुओं और सेवाओं के कुल जोड़ को GDP माना जाता है.