मोदी सरकार 2.0: 15 साल में पहली बार लोकसभा के पहले सत्र में सबसे ज्यादा काम, विपक्ष परेशान

नई दिल्‍ली। 17वीं लोकसभा के पहले सत्र में सबसे अधिक काम हुआ है. पहले सत्र में अब तक 14 बिल पास हुए हैं. 15 साल में पहली बार लोकसभा में इतना काम हुआ. इस लिहाज से यदि हालिया दौर के आंकड़े देखे जाएं तो 14वीं लोकसभा के पहले सत्र में 6 बिल पास हुए. 15वीं लोकसभा के पहले सत्र में 8 बिल पास हुए. इसी तरह 16वीं लोकसभा के पहले सत्र में 12 बिल पास हुए थे लेकिन 17वीं लोकसभा के सत्र में अब तक 14 बिल पास हुए हैं.

इस बीच सरकार ने संसद सत्र को 7 अगस्त तक बढ़ाया है. पहले सत्र को 26 जुलाई को खत्म होना था. संसदीय मामलों की कैबिनेट कमेटी ने ये फैसला लिया. सरकार के काम की तेजी और सत्र बढ़ाए जाने पर कई विपक्षी दलों ने विरोध जताया है.

कांग्रेस नेता आनंद शर्मा ने विरोध करते हुए कहा कि संसद बिल बनाने की फैक्ट्री नहीं है. सपा नेता रामगोपाल यादव ने कहा कि ऐसे काम करेंगे तो बीमार हो जाएंगे. तीन तलाक समेत तीन बिल लगातार पास हुए. इस पर ऐतराज जताते हुए तृणमूल कांग्रेस के नेता डेरेक ओ ब्रायन ने कहा कि 3 दिन में 3 बिल पास कराया गया. क्‍या ये पिज्‍जा डिलीविरी (Pizza Delivery) है.

इससे पहले 23 जुलाई को संसदीय कार्य मंत्री प्रह्लाद जोशी ने कहा कि संसद का मौजूदा सत्र 10 दिन और चलेगा. ऐसा विधायी कार्यो व सरकार के कम से कम 35 विधेयकों को पारित करने के लक्ष्य को पूरा करने के लिए किया जाएगा. जोशी ने कहा, “मैं आधिकारिक रूप से घोषणा करता हूं कि संसद सत्र का 10 कार्य दिवसों के लिए विस्तार किया जाएगा.”

पारित किए जाने वाले विधेयकों की संख्या के बारे में पूछने पर मंत्री ने कहा कि कम से कम 35 विधेयकों को पारित करने का लक्ष्य है. उन्होंने कहा कि ‘सभी विधेयक पारित होंगे.’ बैठकों में विस्तार के साथ सत्र अब सात अगस्त को समाप्त होगा. 17वीं लोकसभा का पहला सत्र 17 जून को शुरू हुआ. इसकी शुरुआत सदस्यों के शपथ ग्रहण से हुई और इसका समापन 26 जुलाई को निर्धारित था.