शिवपाल की बात को मान गए योगी, दामाद की फ़ाइल पास करने को कहा

लखनऊ। आख़िरकार यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ मान ही गए. समाजवादी पार्टी के नेता शिवपाल यादव की पैरवी काम कर गई. आख़िर योगी कैसे नहीं मानते? शिवापाल ने इसी 9 अगस्त को उनसे मिल कर अपने आईएएस दामाद की फ़ाइल पास करने को कहा था. यूपी के सीएम ऑफ़िस से पता चला है कि ऐसा हो भी गया.

शिवपाल के दामाद अजय सिंह यादव तमिलनाडु कैडर के 2010 बैच के आईएएस अधिकारी हैं लेकिन वे डेपुटेशन पर इन दिनों यूपी में तैनात हैं. उनका तीन साल का कार्यकाल इसी साल 31 दिसंबर को ख़त्म हो रहा था लेकिन अजय अभी वापस तमिलनाडु लौटने के मूड में नहीं थे.

वे दो साल और यूपी में ही नौकरी करना चाहते थे लेकिन इसके लिए संबंधित राज्य सरकारें और केन्द्र की इजाज़त लेनी पड़ती है. केन्द्र सरकार की मंज़ूरी मिल जाने के बाद अजय दो साल और यूपी में डेपुटेशन पर रह सकते हैं. अभी वे भूमि सुधार निगम के एमडी पद पर तैनात हैं.

यूपी के ताक़तवर नेता शिवपाल यादव के एक बेटा और एक बेटी हैं. सहारनपुर के रहने वाले आईएएस अधिकारी अजय सिंह यादव उनके दामाद हैं. जब अखिलेश यादव राज्य के मुख्यमंत्री थे, वे डेपुटेशन पर यूपी चले आए. ये काम भी इतना आसान नहीं था. अगर वे शिवपाल के दामाद नहीं होते तो शायद उन्हें मौक़ा ही नहीं मिलता.

नियम है कि नौ साल की नौकरी के बाद ही डेपुटेशन की मंज़ूरी मिलती है. इस हिसाब से तो 2010 बैच के अजय को 2019 तक का इंतज़ार करना पड़ता लेकिन अपने राजनैतिक रिश्तों की बदौलत शिवपाल ने अपने दामाद का काम करा लिया.

अजय की यूपी में तैनाती के कुछ ही महीनों बाद उन्हें बाराबंकी जिले का डीएम बना दिया गया. फिर यूपी में योगी सरकार बन गई. कुछ महीनों बाद अजय को डीएम पद से हटा दिया गया. बताते हैं कि शिवपाल यादव और योगी आदित्यनाथ के अच्छे रिश्ते हैं.

राजनीति में कब, किसे और किसकी ज़रूरत पड़ जाये, किसी को नहीं पता. समाजवादी पार्टी में भले ही शिवपाल यादव हाशिए पर आ गए हैं लेकिन दिल्ली से लेकर लखनऊ तक सत्ता के गलियारों में आज भी उनके जलवे कम नहीं हुए हैं.