बीएसपी पर बोली कांग्रेस, ‘BJP के खिलाफ कोई साथ आए तो स्वागत, नहीं तो मुकाबले के लिए तैयार’

नई दिल्ली। बीएसपी प्रमुख मायावती द्वारा मध्यप्रदेश और राजस्थान में चुनावी गठबंधन से इनकार किए जाने को ज्यादा तवज्जो नहीं देने की कोशिश करते हुए कांग्रेस ने बुधवार को कहा कि मायावती ने राहुल गांधी और सोनिया गांधी में विश्वास प्रकट किया है और ‘सद्भाव एवं प्रेम’ के साथ दिक्कतों को दूर कर लिया जाएगा. इसके साथ ही पार्टी ने यह भी कहा कि वह आगामी विधानसभा चुनाव में बीजेपी को परास्त करने के लिए लक्ष्य के साथ उतरेगी और इस लड़ाई में अगर कोई दल साथ आता है तो उसका स्वागत है, लेकिन नहीं आता है तो वह ‘स्वस्थ मुकाबले’ के लिए तैयार है.

कांग्रेस के मुख्य प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने कहा, ‘हम मायावती जी की भावना का सम्मान करते हैं. उन्होंने सोनिया जी और राहुल जी में पूरा विश्चास व्यक्त किया. हम इस भावना का सम्मान करते हैं. अगर कांग्रेस अध्यक्ष राहुल जी, हमारी मार्गदर्शक सोनिया जी और मायावती जी के बीच सद्भाव है तो कोई चौथा व्यक्ति व्यवधान नहीं डाल पाएगा.’ उन्होंने कहा,‘कहीं अगर कपड़े में सिलवटें हैं तो हम बैठकर सद्भाव और प्रेम से उसे दूर कर देंगे.’

मायावती द्वारा कांग्रेस के वरिष्ठ नेता दिग्विजय सिंह के बारे में दिए बयान के बारे में पूछे जाने पर सुरजेवाला ने कहा,‘कांग्रेस के किसी नेता के बारे में की गई प्रतिकूल टिप्पणी से हम असहमत हैं. परंतु कई बार, भावावेश में, आवेश में, भावनाओं में बहुत सारी बातें कही जाती हैं. अगर मायावती जी का संपूर्ण विश्वास राहुल जी और सोनिया गांधी जी में है, तो बाकी के संकट को हम दूर कर लेंगे.’

सुरजेवाला ने कहा,‘जहां-जहां प्रदेश कांग्रेस कमेटी को लगेगा कि किसी दल के साथ गठबंधन कांग्रेस के संगठन और विचारधारा को मजबूत करेगा तो प्रदेश इकाई पार्टी की गठबंधन समिति के साथ बातचीत करके फैसला करेगी.’

उन्होंने कहा,‘अगर हमें ये लगेगा कि एक विशेष प्रांत में किसी स्थानीय राजनीतिक दल से गठजोड़ या समझौता प्रांत के विकास की गति को तेजी देगा और कांग्रेस की विचारधारा को मजबूत करेगा तो समझौता अवश्य करेंगे. जहां लगेगा कि मेल नहीं हो पा रहा, कहीं दो बिंदु आपस में नहीं मिल पाएंगे, वहाँ एक स्वस्थ मुकाबला हो जाएगा, इसमें कोई गलत बात नहीं, पहले भी ऐसा होता रहा है.’

बीएसपी अध्यक्ष मायावती ने बुधवार को कहा कि राजस्थान और मध्य प्रदेश में आगामी विधानसभा चुनाव के लिये कांग्रेस के साथ उनकी पार्टी का गठबंधन नहीं होगा. उल्लेखनीय है कि मायावती ने छत्तीसगढ़ में कांग्रेस से अलग हुये पूर्व मुख्यमंत्री अजीत जोगी के साथ मिलकर बीएसपी के चुनाव लड़ने की हाल ही में घोषणा की थी.