हिंदू धर्म मुगलों के काल में 500 वर्षों तक खतरे में नहीं था, हिंदू PM के रहते कैसे हो गया: दिग्विजय सिंह

भोपाल। चुनावी गहमागहमी के बीच मध्‍य प्रदेश के पूर्व मुख्‍यमंत्री और वरिष्‍ठ कांग्रेसी नेता दिग्विजय सिंह ने अयोध्‍या मसले पर बीजेपी पर हमला करते हुए कहा, ”कुछ नेता अमेरिका में जाकर कहते हैं कि हिंदू धर्म खतरे में है…जब हिंदू धर्म मुगलों के काल में 500 वर्षों तक खतरे में नहीं था तो आज हमारा धर्म जब प्रधानमंत्री हिंदू, राष्ट्रपति हिंदू हैं तो कैसे खतरे में आ गया…अगर इनके रहते आज हिंदू धर्म खतरे में है तो ये सब ढोंगी हैं.”

इसके साथ ही कहा, ”अजीब बात है, जब चुनाव आते हैं भगवान राम के मंदिर निर्माण की बात सामने आती है. भगवान राम का मंदिर बने, इसमे किसी को कोई ऐतराज नहीं है, हम सब चाहते हैं, लेकिन भगवान राम भी नहीं चाहेंगे कि किसी विवादास्‍पद स्‍थल पर राम का मंदिर बने.” उन्‍होंने यह भी कहा, ”ये भी आश्‍चर्य की बात है कि सरकार कहती है कि अदालत का फैसला मानेंगे. यूपी के मुख्‍यमंत्री कहते हैं कि राम जी की इच्‍छा होगी तो बनेगा और सरकार के कर्ता-धर्ता कहते हैं कि अध्‍यादेश निकालिए. राम के मंदिर को विवादास्‍पद बनाना इन लोगों का लक्ष्‍य है.” मध्‍य प्रदेश में 28 नवंबर को चुनाव होगा.

राम मंदिर बनने में कांग्रेस सबसे बड़ी बाधा: योगी आदित्‍यनाथ
इस बीच छत्‍तीसगढ़ की चुनावी रैली में उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा है कि अयोध्या में मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्रीराम के मंदिर निर्माण में कांग्रेस सबसे बड़ी बाधा है. योगी आदित्यनाथ ने बिलासपुर जिले के तखतपुर विधानसभा क्षेत्र के सकरी गांव में एक चुनावी सभा को संबोधित करते हुए कहा कि भगवान श्री राम छत्तीसगढ़ के भांजे भी हैं और हमें सदैव याद रखना चाहिए कि जो राम का नहीं वह हमारे किसी काम का नहीं.

उन्होंने कहा कि मर्यादा पुरुषोत्तम श्री राम ने अपने वनगमन का सर्वाधिक समय इस क्षेत्र में गुजारा था इसलिए इस क्षेत्र (छत्तीसगढ़) को चमन होना चाहिए.

आदित्यनाथ ने कहा कि हमने यूपी में उस कमिश्नरी का नाम ही अयोध्या कर दिया है जिससे देश और दुनिया के लोग उस स्थान को भगवान राम के नाम से जान सकें. उन्होंने उपस्थित जनसमुदाय से पूछा अगर कांग्रेस की सरकार होती तो क्या ऐसा हो सकता था? कांग्रेस की सरकार होती तो क्या अयोध्या में दीपोत्सव का कार्यक्रम हो पाता? अगर कांग्रेस की सरकार होती तब क्या भगवान राम के ननिहाल में, रायपुर में उनका भव्य मंदिर बना होता?

digvijay singh
दिग्विजय सिंह ने कहा कि अजीब बात है, जब चुनाव आते हैं भगवान राम के मंदिर निर्माण की बात सामने आती है.(फोटो: ANI)

‘हिन्दुओं को विश्वास, सुप्रीम कोर्ट का फैसला राम मंदिर के पक्ष में आयेगा’
इस बीच विश्व हिन्दू परिषद के अंतरराष्ट्रीय उपाध्यक्ष चंपत राय ने बुधवार को कहा कि हिन्दू समुदाय के लोगों को भरोसा है कि सुप्रीम कोर्ट का फैसला अयोध्या में राम मंदिर बनाये जाने के पक्ष में आयेगा. राय ने कहा कि ‘देश के लोगों को हिन्दू समुदाय के लोगों की भावनाओं को समझना चाहिये . पिछले 500 सालों से अयोध्या में राम मंदिर बनाये जाने के लिये संघर्ष लगातार जारी है, अब और ज्यादा इंतजार नही होता.’

उन्होंने कहा कि 25 नवंबर को अयोध्या में विहिप ‘धर्म सभा’ का आयोजन कर रही है और उनका दावा है कि इस कार्यक्रम में करीब एक लाख लोग हिस्सा लेंगे. इस कार्यक्रम का उद्देश्य हिन्दुओं की भावनाओं को सरकार और अदालत तक पहुंचाना है. एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि राम मंदिर के लिये पत्थर तराशने का काम पूरा हो चुका है.